Weather Alert: झारखंड में भारी बारिश का खतरा टला, 4 अक्टूबर तक ऐसा रहेगा मौसम
Jharkhand Weather Update: झारखंड में सितंबर के आखिरी दिनों में मौसम का मिजाज धीरे-धीरे बदलता नजर आ रहा है। पिछले कुछ दिनों से हुई बारिश के बाद अब राज्य में भारी बारिश का दौर कमजोर पड़ने के संकेत मिल रहे हैं। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के अनुसार 29 सितंबर से 4 अक्टूबर तक झारखंड में भारी बारिश का कोई बड़ा अलर्ट जारी नहीं किया गया है। हालांकि, कई इलाकों में आसमान में बादल छाए रहने के साथ हल्की से मध्यम बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं।

रांची, दुमका और जमशेदपुर में आज कैसा रहेगा मौसम?
29 सितंबर को रांची, दुमका, जमशेदपुर समेत राज्य के कई हिस्सों में बादल छाए रहने की संभावना है। कुछ स्थानों पर स्थानीय स्तर पर हल्की बारिश भी हो सकती है। हालांकि, फिलहाल किसी जिले के लिए विशेष भारी बारिश का अलर्ट नहीं है।
राजधानी रांची में तापमान करीब 22 से 29 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है। वहीं कांके में तापमान 20 से 30 डिग्री, दुमका में 24 से 33 डिग्री और जमशेदपुर में 25 से 32 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है।
रांची, खूंटी, गुमला और सिमडेगा जैसे ऊंचाई वाले इलाकों में बादल छाए रहने और तापमान अपेक्षाकृत कम रहने से मौसम सुहावना रह सकता है।

29 सितंबर से 4 अक्टूबर तक कैसा रहेगा मौसम?
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक 29 सितंबर, 30 सितंबर, 1 अक्टूबर, 2 अक्टूबर, 3 अक्टूबर और 4 अक्टूबर को झारखंड में किसी बड़े मौसम अलर्ट की स्थिति नहीं है। हालांकि, राज्य के अलग-अलग हिस्सों में छिटपुट बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना बनी रह सकती है।
इस दौरान मौसम पूरी तरह शुष्क रहने की संभावना भी नहीं है। स्थानीय मौसमी परिस्थितियों के कारण कुछ इलाकों में अचानक बारिश हो सकती है। ऐसे में लोगों को मौसम में होने वाले बदलाव पर नजर रखने की सलाह दी जाती है।
पिछले दिनों की बारिश से अब मिल सकती है राहत
झारखंड में पिछले दिनों हुई लगातार बारिश के कारण कई इलाकों में जलजमाव, आवागमन में परेशानी और नदियों के जलस्तर में बढ़ोतरी जैसी स्थिति देखने को मिली थी। रांची और जमशेदपुर समेत कुछ क्षेत्रों में बारिश और जलभराव को देखते हुए स्कूलों को भी बंद रखना पड़ा था।
अब बारिश की तीव्रता कम होने के संकेत मिलने से आम लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है। जलजमाव वाले क्षेत्रों में पानी निकलने के बाद जनजीवन धीरे-धीरे सामान्य हो सकता है।
किसानों के लिए भी राहत की उम्मीद
बारिश की तीव्रता कम होने से खेतों में जमा अतिरिक्त पानी निकलने का मौका मिलेगा। इससे जलजमाव से प्रभावित कृषि कार्यों को भी राहत मिल सकती है। हालांकि, किसानों को स्थानीय मौसम की स्थिति और खेतों में नमी को देखते हुए ही कृषि गतिविधियां आगे बढ़ाने की सलाह दी जाती है।
मौसम विभाग की सलाह पर रखें नजर
फिलहाल झारखंड में भारी बारिश का कोई बड़ा अलर्ट नहीं है, लेकिन गरज-चमक के दौरान सावधानी बरतना जरूरी है। स्थानीय स्तर पर मौसम में अचानक बदलाव संभव है। लोगों को बाहर निकलने से पहले स्थानीय मौसम अपडेट देखने और वज्रपात की स्थिति में खुले स्थानों, पेड़ और बिजली के खंभों से दूर रहने की सलाह दी जाती है।







