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25 जुलाई को विधानसभा में आएगी CAG रिपोर्ट, शुभेंदु अधिकारी ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का दिया भरोसा

Kolkata: शुभेंदु अधिकारी ने दावा किया कि CAG रिपोर्ट राज्य सरकार के विभिन्न विभागों में हुए कथित वित्तीय प्रबंधन और खर्च से जुड़े कई अहम तथ्यों को सामने ला सकती है. उन्होंने कहा कि जनता के पैसे के दुरुपयोग को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और जिम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराया जाएगा. 
 
SUBHENDU ADHIKARI

Kolkata: पश्चिम बंगाल विधानसभा के आगामी सत्र में 25 जुलाई को भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) की रिपोर्ट पेश की जाएगी. रिपोर्ट को लेकर राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है. विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी ने कहा है कि रिपोर्ट में यदि वित्तीय अनियमितताओं या भ्रष्टाचार के मामलों का खुलासा होता है तो दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी.

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शुभेंदु अधिकारी ने दावा किया कि CAG रिपोर्ट राज्य सरकार के विभिन्न विभागों में हुए कथित वित्तीय प्रबंधन और खर्च से जुड़े कई अहम तथ्यों को सामने ला सकती है. उन्होंने कहा कि जनता के पैसे के दुरुपयोग को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और जिम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराया जाएगा. उन्होंने कहा कि रिपोर्ट पर सदन में विस्तार से चर्चा होगी और इसमें जिन मामलों में भ्रष्टाचार की पुष्टि या अनियमितताओं की ओर संकेत किया गया है, उन पर कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जायेगी.

किसी को बख्शा नहीं जायेगा

मुख्यमंत्री ने कहा कि भ्रष्टाचार के मामलों में किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जायेगा. उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि किसी मामले में मुख्यमंत्री, मंत्री या कोई अन्य जनप्रतिनिधि अथवा अधिकारी भी दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई तय है. इसके लिए आवश्यकता पड़ने पर राज्यपाल की सहमति ली जायेगी. शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि सरकार पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है तथा सार्वजनिक धन के दुरुपयोग के मामलों में किसी भी स्तर पर ढिलाई नहीं बरती जायेगी.

ममता सरकार पर साधा निशाना

उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली सरकार ने कभी भी कैग की रिपोर्ट विधानसभा में पेश नहीं की. उनका कहना था कि संवैधानिक व्यवस्था के अनुसार कैग और लोकायुक्त की रिपोर्ट सदन के पटल पर रखी जानी चाहिए और उस पर चर्चा भी होनी चाहिए, लेकिन पहले की सरकारों ने इस प्रक्रिया का पालन नहीं किया. उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार संवैधानिक परंपराओं का पूरी तरह पालन करेगी.

मुख्यमंत्री ने यह भी आरोप लगाया कि चक्रवात 'फणी' के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा पश्चिम बंगाल के लिए स्वीकृत 3,750 करोड़ रुपये की सहायता राशि के उपयोग में भी बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार हुआ था. उन्होंने कहा कि कैग की रिपोर्ट में जिन मामलों का उल्लेख किया गया है, उन सभी पर रिपोर्ट की सिफारिशों के अनुरूप कार्रवाई की जायेगी.