अयोध्या से प्रयागराज के लिए चलेंगी स्पेशल ट्रेनें, ट्रेन पकड़ना होगा आसान...
New Delhi: माघ मेला-2025 के दौरान लाखों श्रद्धालु की संभावित भीड़ के मद्देनजर रेलवे ने तैयारी शुरू कर दी है. तीर्थयात्रियों और नियमित यात्रियों, दोनों के लिए यात्रा को आसान और आरामदायक बनाने के लिए जनवरी से 15 फरवरी तक, प्रयागराज रूट के खास स्टेशनों पर 200 से अधिक ट्रेनों के अस्थायी स्टॉपेज शुरू किए गए हैं. इससे श्रद्धालुओं को ट्रेन पकड़ना आसान होगा.
माघ मेला-2025 के दौरान लाखों श्रद्धालु स्नान करने के लिए पवित्र जगहों पर जा रहे हैं. रेलवे की इस पहल का उद्देश्य वार्षिक धार्मिक उत्सव के दौरान श्रद्धालुओं को ट्रेनों चढ़ने या उतरने की सुविधा प्रदान करना है. रेलवे ने श्रद्धालुओं के लिए यात्रा को आसान और सुविधाजनक बनाने के लिए कुछ स्टेशनों पर दो से तीन मिनट का अस्थायी हॉल्ट शुरू किया है.
ट्रेन के समय पर चलने को लेकर चिंताओं पर रेलवे ने यात्रियों को भरोसा दिलाया है कि ट्रेन के शेड्यूल की समीक्षा करने के बाद अतिरिक्त स्टॉपेज की व्यवस्था ध्यान से की गई है, जिसके बाद कुछ अतिरिक्त स्टॉपेज शुरू किए गए हैं, क्योंकि एक या दो मिनट के छोटे ठहराव को हर ट्रेन के मौजूदा मार्जिन टाइम में शामिल कर लिया जाएगा. इस व्यवस्था से माघ मेले के दौरान ट्रेनों के निर्धारित समय पर कोई प्रभाव पड़ने की उम्मीद नहीं है.
इसके अलावा मेले के दौरान पांच जोड़ी ट्रेनों का टर्मिनल और 7 जोड़ी ट्रेनों का ठहराव प्रयागराज जंक्शन से सूबेदारगंज स्टेशन पर शिफ्ट किया जा रहा है.
उत्तर मध्य रेलवे (प्रयागराज मंडल) के जनसंपर्क अधिकारी अमित कुमार सिंह ने कहा, "यात्रियों की जानकारी और सुविधा के लिए प्रयागराज जंक्शन और सूबेदारगंज स्टेशनों पर ट्रेन प्लेटफॉर्म नंबरों में यह बदलाव विभिन्न स्थानों पर प्लेटफॉर्म डिस्प्ले बोर्ड और इलेक्ट्रॉनिक बोर्ड पर प्रदर्शित किया जा रहा है और सार्वजनिक घोषणा प्रणाली के माध्यम से भी इसकी घोषणा की जा रही है."
रेलवे स्टेशनों पर दिशा के लिए कलर कोडिंग
माघ मेले के दौरान श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षित और बिना किसी भ्रम के आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए, प्रयागराज मंडल ने बड़े रेलवे स्टेशनों पर डायरेक्शन कलर कोडिंग सिस्टम लागू किया है. इस सिस्टम के तहत, प्रयागराज जंक्शन, प्रयागराज छिवकी, नैनी और सूबेदारगंज समेत प्रयागराज क्षेत्र के बड़े स्टेशनों पर हर यात्रा दिशा के लिए अलग-अलग रंग दिए गए हैं. कलर कोडिंग सिस्टम से भक्त स्टेशन परिसर में घुसते ही आसानी से अपनी यात्रा की दिशा पहचान सकते हैं और बिना किसी भ्रम के सही यात्री प्रतीक्षालय और प्रवेश द्वार तक पहुंच सकते हैं.
इस पहल से भीड़ प्रबंधन को बेहतर बनाने और एक सुरक्षित, व्यवस्थित और यात्रियों के लिए सुविधाजनक यात्रा अनुभव सुनिश्चित करने में अहम भूमिका निभाने की उम्मीद है. इस कलर-कोडिंग सिस्टम के जरिये, स्टेशन पर आने वाले श्रद्धालु बिना किसी और पूछताछ के साफ तौर पर समझ पाएंगे कि उन्हें अपनी मंजिल तक जाने वाली ट्रेन के लिए किस रंग के पैसेंजर शेल्टर और किस गेट का इस्तेमाल करना है. इससे यात्रियों के बीच कन्फ्यूजन दूर होगा, भीड़ का संतुलित वितरण सुनिश्चित होगा, और माघ मेले के दौरान स्टेशन परिसर के अंदर आसान, सुरक्षित और नियंत्रित आवाजाही बनी रहेगी.
प्रयागराज जंक्शन पर दिशासूचक व्यवस्था:
- लखनऊ या वाराणसी (बनारस) के लिए दिशासूचक: लाल रंग
- पंडित दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन के लिए दिशासूचक: नीला रंग
- मानिकपुर के लिए दिशासूचक: पीला रंग
- कानपुर के लिए दिशासूचक: हरा रंग
नैनी जंक्शन पर दिशासूचक व्यवस्था:
- कानपुर के लिए दिशासूचक: हरा रंग
- झांसी के लिए दिशासूचक: नीला रंग
- सतना के लिए दिशासूचक: लाल रंग
- पंडित दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन के लिए दिशासूचक: पीला रंग
प्रयागराज छिवकी स्टेशन पर आरक्षित यात्रियों के लिए दिशासूचक व्यवस्था:
- पं. दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन के लिए दिशासूचक: हरा रंग
- मानिकपुर के लिए दिशासूचक: लाल रंग
प्रमुख स्नान त्योहार
माघ मेला 2026 के दौरान प्रमुख स्नान त्योहार पौष पूर्णिमा (3 जनवरी), मकर संक्रांति (15 जनवरी), मौनी अमावस्या (18 जनवरी), बसंत पंचमी (23 जनवरी), माघी पूर्णिमा (1 फरवरी) और महाशिवरात्रि (15 फरवरी) हैं.







