योगी का ‘टोटी चोर’ तंज, 1375 युवाओं को नियुक्ति पत्र; अखिलेश पर भी साधा निशाना
UP News: उत्तर प्रदेश में सरकारी नियुक्तियों के सिलसिले के बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को 1,375 नवचयनित ग्राम पंचायत अधिकारियों को नियुक्ति पत्र सौंपे। लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित कार्यक्रम के दौरान उन्होंने युवाओं को बधाई देने के साथ ग्रामीण विकास, रोजगार और पिछली सरकारों को लेकर कई राजनीतिक टिप्पणियां भी कीं।
योगी ने कहा कि नियुक्ति पत्र भले ही एक युवा को मिल रहा हो, लेकिन इसका असर उसके पूरे परिवार पर पड़ता है। उन्होंने कहा कि एक सरकारी नौकरी से हजारों परिवारों में खुशी का माहौल बनता है।
‘टोटी चोर’ वाले बयान से किस पर निशाना?
गांवों में हर घर नल योजना का जिक्र करते हुए योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पाइपलाइन और नल की व्यवस्था के साथ स्थानीय स्तर पर प्लंबर तैयार करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि पाइप टूटने या नल चोरी होने की स्थिति में प्रशिक्षित युवक उसकी मरम्मत कर सकें।
इसी दौरान उन्होंने बिना नाम लिए कहा कि ‘कोई टोटी चोरी करके चला गया तो फिर…’। योगी ने आगे कहा कि अगर समय पर मरम्मत नहीं हुई तो पानी बहता रहेगा और नुकसान गांव का होगा। यह टिप्पणी उन्होंने ग्रामीण जलापूर्ति व्यवस्था के संदर्भ में की।
‘गांव में बीमारी के दो कारण’
मुख्यमंत्री ने ग्रामीण इलाकों में स्वच्छता और पेयजल को स्वास्थ्य से जोड़ते हुए कहा कि गांवों में बीमारी के दो प्रमुख कारण गंदगी और शुद्ध पेयजल का अभाव रहे हैं।
उन्होंने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन के जरिए साफ-सफाई पर काम हुआ है, जबकि हर घर नल और जल जीवन मिशन के जरिए साफ पेयजल की उपलब्धता बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है। उनके मुताबिक, इससे ग्रामीण क्षेत्रों में स्थानीय युवाओं के लिए प्लंबर के रूप में रोजगार का अवसर भी बनाया जा सकता है।
नियुक्ति पत्र पर अखिलेश के बयान का जिक्र
योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव के उस कथित बयान का भी जिक्र किया, जिसमें नियुक्ति पत्र वितरण को लेकर सवाल उठाए गए थे।
योगी ने कहा कि वह हर सप्ताह नियुक्ति पत्र वितरण का कार्यक्रम करने की बात कह चुके हैं और सितंबर में यह उनका चौथा ऐसा कार्यक्रम है। उन्होंने कहा कि अक्टूबर के पहले सप्ताह से भी नियुक्ति पत्र बांटने का सिलसिला जारी रहेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विपक्ष नियुक्तियों की गिनती करता रहे और सरकार नियुक्ति पत्र बांटती रहे। यह टिप्पणी उन्होंने अखिलेश यादव के संदर्भ में की।
2017 से पहले की सरकारों पर भी हमला
मुख्यमंत्री ने अपने भाषण में 2017 से पहले उत्तर प्रदेश की कानून-व्यवस्था और सरकारी योजनाओं को लेकर भी विपक्ष पर निशाना साधा।
योगी ने दावा किया कि पहले प्रदेश में अराजकता और माफिया का प्रभाव था तथा आम लोगों की सुरक्षा को लेकर स्थिति खराब थी। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार के दौरान प्रदेश में कर्फ्यू, दंगा, माफिया और उपद्रव जैसी स्थितियों पर नियंत्रण किया गया है।
उन्होंने यह भी कहा कि सरकारी राशन अब बिना भेदभाव पात्र लोगों तक पहुंचाया जा रहा है।
‘नए रूप और नए स्लोगन’ पर भी निशाना
योगी ने अपने संबोधन में पिछली सरकारों पर युवाओं और दलितों के अधिकारों से जुड़े मुद्दों को लेकर भी आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने पहले पहचान का संकट पैदा किया और युवाओं के अधिकारों को नुकसान पहुंचाया, वे अब नए रूप और नए नारों के साथ सामने आ रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने ऐसे राजनीतिक समूहों को लेकर लोगों को सावधान रहने की बात कही और आरोप लगाया कि उनके जरिए समाज में भ्रम पैदा कर दोबारा अराजकता की स्थिति बनाने की कोशिश की जा सकती है। ये दावे मुख्यमंत्री के राजनीतिक बयान का हिस्सा हैं।
ग्रामीण प्रशासन में बढ़ेगी पंचायत अधिकारियों की भूमिका
1,375 ग्राम पंचायत अधिकारियों की नियुक्ति से प्रदेश की ग्राम पंचायतों में प्रशासनिक कामकाज और सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में इन अधिकारियों की भूमिका बढ़ेगी। नियुक्ति कार्यक्रम से पहले जारी जानकारी के मुताबिक, नए अधिकारियों के लिए उन्मुखीकरण और प्रशिक्षण की व्यवस्था भी प्रस्तावित थी।
नियुक्ति कार्यक्रम में पंचायती राज मंत्री ओम प्रकाश राजभर समेत अन्य जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे।







