पटना स्नातक सीट पर घमासान, नीरज कुमार के लिए JDU ऑफिस में जुटे NDA के दिग्गज
बिहार में एमएलसी चुनाव को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। अपने-अपने उम्मीदवारों को जीत दिलाने के लिए सभी पार्टियों ने पूरी ताकत झोंकनी शुरू कर दी है। इसी कड़ी में गुरुवार को पटना स्थित जेडीयू कार्यालय में एनडीए के घटक दलों की हाई लेवल बैठक हुई। इस बैठक में कई वरिष्ठ नेताओं और युवा चेहरों ने हिस्सा लिया। माना जा रहा है कि बैठक का मुख्य मकसद पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से जेडीयू उम्मीदवार नीरज कुमार की जीत सुनिश्चित करना था।
नीरज कुमार के लिए NDA ने बनाई रणनीति
बैठक में चुनावी रणनीति और मतदाताओं तक पहुंच बनाने को लेकर चर्चा हुई। बीजेपी की ओर से श्रेयसी सिंह, आरएलएम से दीपक प्रकाश, एलजेपीआर से संजय सिंह, हम से अनिल कुमार और जेडीयू की लेशी सिंह समेत कई नेता मौजूद रहे। डिप्टी सीएम बिजेंद्र यादव सहित अन्य नेताओं और कार्यकर्ताओं ने भी बैठक में भाग लिया। एनडीए नेताओं की इस जुटान को चुनाव से पहले अपनी ताकत दिखाने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।
निशांत कुमार भी कर रहे प्रचार
वहीं, नीरज कुमार के समर्थन में स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार भी लगातार प्रचार कर रहे हैं। वे मतदाताओं से नीरज कुमार के पक्ष में वोट देने की अपील कर रहे हैं। गुरुवार को भी बाढ़ में निशांत कुमार और नीरज कुमार एक समारोह में शामिल हुए। यहां मंच से नीरज कुमार ने अपने ऊपर लग रहे आरोपों को लेकर खुलकर जवाब दिया।
नीरज कुमार बोले- मेरे चरित्र पर कोई सवाल नहीं उठा सकता
नीरज कुमार ने कहा कि वे कोई अपराधी या गुंडा नहीं हैं। उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि कोई भी माई का लाल उनके चरित्र पर सवालिया निशान नहीं लगा सकता। उन्होंने एके-56 रखवाने जैसे आरोपों का जिक्र करते हुए कहा कि इस तरह के आरोप उनके संस्कार नहीं रहे हैं। बिना किसी का नाम लिए उन्होंने कहा कि किसी को ललन सिंह या आरसीपी सिंह नहीं फंसाते, बल्कि इंसान को उसके अपने कर्म फंसाते हैं। उन्होंने साफ कहा कि वे किसी से डरने वाले नहीं हैं और डटकर मुकाबला करेंगे।
अनंत सिंह और नीरज कुमार के बीच जुबानी जंग जारी
दरअसल, पटना स्नातक सीट का चुनाव अब नीरज कुमार और जन सुराज के उम्मीदवार डॉ. अनुज सिंह के बीच मुकाबले के साथ-साथ सियासी बयानबाजी को लेकर भी चर्चा में है। मोकामा विधायक अनंत सिंह खुलकर अनुज सिंह के समर्थन में प्रचार कर रहे हैं और नीरज कुमार पर आरोप लगा रहे हैं। वहीं, नीरज कुमार लगातार इन आरोपों को खारिज कर रहे हैं।
ऐसे में एनडीए नेताओं की बैठक और निशांत कुमार का प्रचार नीरज कुमार के लिए अहम माना जा रहा है। अब देखना होगा कि चुनावी रणनीति और नेताओं की लामबंदी का वोटरों पर कितना असर पड़ता है।







