RJD में खुलकर सामने आई अंदरूनी कलह! रोहिणी आचार्य ने अपनी ही पार्टी पर साधा निशाना, नेताओं को दी खुली चुनौती
Bihar political update: राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के भीतर लंबे समय से चल रही अंदरूनी खींचतान अब सार्वजनिक रूप से सामने आ गई है। पार्टी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव की बेटी रोहिणी आचार्य ने सारण के पार्टी प्रवक्ता हरेलाल यादव के निष्कासन का खुलकर विरोध करते हुए संगठन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर एक लंबी पोस्ट साझा कर पार्टी के कुछ वरिष्ठ नेताओं पर तीखा हमला बोला।
रोहिणी आचार्य ने सवाल उठाया कि क्या अब पार्टी में ईमानदारी से काम करने और सच बोलने वाले कार्यकर्ताओं के लिए कोई जगह नहीं बची है? उन्होंने आरोप लगाया कि हरेलाल यादव को अनुशासनहीनता के नाम पर छह वर्षों के लिए पार्टी से निकालना एक सोची-समझी कार्रवाई है, जिसे ऐसे लोगों ने अंजाम दिया है जो खुद संगठन को कमजोर कर रहे हैं।

अपने पोस्ट में रोहिणी ने दावा किया कि सारण जिला संगठन पर ऐसे लोगों का प्रभाव है जो पार्टी में रहकर भी विरोधियों के हित में काम करते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान भी कुछ नेता संगठन के खिलाफ काम करते हैं, जबकि जनता के बीच सक्रिय और पार्टी के लिए समर्पित कार्यकर्ताओं को ही निशाना बनाया जाता है।
रोहिणी आचार्य ने इस दौरान पार्टी के कुछ नेताओं का नाम लेते हुए उन पर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने संजय यादव, सुनील सिंह और रमीज पर निशाना साधते हुए कहा कि यदि इन नेताओं पर सवाल उठाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है, तो सबसे पहले उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि वह गलत के खिलाफ अपनी आवाज़ उठाना जारी रखेंगी।
पोस्ट में रोहिणी ने यह भी लिखा कि वह लालू प्रसाद यादव की बेटी हैं और अन्याय या गलत फैसलों के सामने कभी झुकने वाली नहीं हैं। उनके अनुसार, किसी जमीनी और ईमानदार कार्यकर्ता को बिना ठोस कारण के पार्टी से बाहर करना संगठन के हित में नहीं है और इससे पार्टी को नुकसान होगा।
रोहिणी आचार्य के इस बयान ने राजद के भीतर चल रही गुटबाजी और असंतोष को खुलकर उजागर कर दिया है। अब राजनीतिक हलकों की नजर पार्टी नेतृत्व पर टिकी है कि वह इस पूरे विवाद पर क्या रुख अपनाता है और सार्वजनिक तौर पर उठाए गए इन सवालों का क्या जवाब देता है।







