पटना MLC सीट पर नीरज को नीतीश का साथ, अनंत सिंह के विरोध के बीच मिला उम्मीदवार का प्रपत्र; ललन सिंह संभालेंगे मोर्चा
Bihar Political News: बिहार विधान परिषद की पटना स्नातक सीट पर चुनावी पारा लगातार चढ़ रहा है। एक तरफ जदयू ने मौजूदा विधान पार्षद और पार्टी के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार को दोबारा NDA समर्थित उम्मीदवार बनाया है, तो दूसरी तरफ पार्टी के ही विधायक अनंत सिंह जन सुराज के प्रत्याशी डॉ. अनुज सिंह के समर्थन में खुलकर सामने आ चुके हैं। इसी बीच शनिवार को नीरज कुमार ने जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात की और उनसे चुनाव से संबंधित प्रपत्र प्राप्त किया।
नीरज कुमार ने मुलाकात के बाद सोशल मीडिया पोस्ट में नीतीश कुमार के प्रति आभार जताते हुए कहा कि पार्टी की ओर से मिली यह जिम्मेदारी उनके लिए सम्मान के साथ बड़ी जिम्मेदारी भी है। उन्होंने कार्यकर्ताओं के विश्वास और सहयोग को अपनी ताकत बताया।
नीतीश से मुलाकात के बाद नीरज का संदेश
नीरज कुमार ने कहा कि नीतीश कुमार ने उन्हें पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र चुनाव 2026 के लिए NDA समर्थित जदयू उम्मीदवार होने का प्रपत्र प्रदान किया है।
उन्होंने पार्टी नेतृत्व के भरोसे के लिए आभार जताते हुए कहा कि वह इस जिम्मेदारी का पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ निर्वहन करेंगे। नीरज कुमार 5 अक्टूबर को अपना नामांकन दाखिल करेंगे।
जदयू ने 23 सितंबर को उन्हें पटना स्नातक सीट से फिर उम्मीदवार घोषित किया था।
अपनी ही पार्टी के अनंत सिंह ने खोला मोर्चा
नीरज कुमार की उम्मीदवारी के साथ ही जदयू के अंदर का एक राजनीतिक विवाद भी इस चुनाव में चर्चा का विषय बना हुआ है। मोकामा विधायक अनंत सिंह पहले ही नीरज कुमार की उम्मीदवारी का विरोध कर चुके हैं।
अनंत सिंह ने जदयू उम्मीदवार के बजाय जन सुराज के डॉ. अनुज सिंह को समर्थन देने का ऐलान किया है। 1 अक्टूबर को अनुज सिंह के नामांकन के दौरान भी अनंत सिंह उनके साथ नजर आए। दोनों खुले वाहन में नामांकन के लिए पहुंचे और समर्थकों की मौजूदगी में अनुज सिंह के पक्ष में समर्थन का संदेश दिया।
जन सुराज ने 24 सितंबर को अनुज सिंह को पटना स्नातक सीट से उम्मीदवार घोषित किया था।
अनंत-नीरज विवाद सुलझाने की जिम्मेदारी ललन सिंह को
जदयू के भीतर सामने आए इस मतभेद को दूर करने के लिए पार्टी ने वरिष्ठ नेता और केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह को जिम्मेदारी दी है।
जदयू के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने बताया कि अनंत सिंह और नीरज कुमार के बीच बातचीत के जरिए मामले को सुलझाने की कोशिश की जाएगी। पार्टी ने ललन सिंह से दोनों नेताओं से बातचीत कर समाधान निकालने को कहा है।
पटना स्नातक सीट पर तीन प्रमुख राजनीतिक ध्रुव
पटना स्नातक सीट पर फिलहाल जदयू के नीरज कुमार, जन सुराज के डॉ. अनुज सिंह और महागठबंधन के दिलीप कुमार समेत अन्य उम्मीदवार मैदान में हैं। RJD ने दिलीप कुमार को उम्मीदवार बनाया है। कांग्रेस ने भी इस सीट से असदुल्लाह खान को प्रत्याशी घोषित किया है।
ऐसे में नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद इस सीट पर उम्मीदवारों की अंतिम तस्वीर सामने आएगी।
23 अक्टूबर को मतदान, 27 को मतगणना
बिहार विधान परिषद की चार स्नातक और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की कुल आठ सीटों पर चुनाव होना है। चुनाव कार्यक्रम के मुताबिक 6 अक्टूबर नामांकन की अंतिम तारीख, 7 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच और 9 अक्टूबर तक नाम वापसी होगी।
23 अक्टूबर को सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक मतदान कराया जाएगा, जबकि 27 अक्टूबर को मतगणना होगी।
NDA में भाजपा और जदयू ने चार-चार सीटों पर उम्मीदवार उतारे हैं। जदयू की ओर से पटना स्नातक से नीरज कुमार के अलावा तिरहुत स्नातक से अभिषेक झा, सारण शिक्षक से आनंद पुष्कर और दरभंगा शिक्षक से घनश्याम राय उम्मीदवार हैं। भाजपा ने पटना शिक्षक से नवल किशोर यादव, कोसी स्नातक से डॉ. एनके यादव, दरभंगा स्नातक से सर्वेश कुमार और तिरहुत शिक्षक से नरेंद्र प्रसाद सिंह को मैदान में उतारा है।
अब नामांकन और पार्टी के भीतर सुलह पर नजर
नीरज कुमार के नीतीश कुमार से मुलाकात के बाद पटना स्नातक सीट का चुनावी घटनाक्रम और महत्वपूर्ण हो गया है। एक तरफ जदयू अपने आधिकारिक उम्मीदवार के साथ चुनावी प्रक्रिया आगे बढ़ा रहा है, वहीं अनंत सिंह का अनुज सिंह के पक्ष में सार्वजनिक रुख पार्टी के भीतर चर्चा का विषय बना हुआ है।
अब सबकी नजर 5 अक्टूबर को नीरज कुमार के नामांकन और उससे पहले अनंत सिंह-नीरज कुमार के बीच मतभेद सुलझाने की जदयू की कोशिश पर रहेगी।







