बांकीपुर के बाद PK का नया प्लान! फिर गांव-गांव जाएंगे प्रशांत किशोर
Patna: बांकीपुर उपचुनाव के बाद जनसुराज प्रमुख प्रशांत किशोर एक बार फिर बिहार की सियासत में सक्रिय होने की तैयारी में हैं। पार्टी अब आगामी विधान परिषद की शिक्षक-स्नातक सीटों और पंचायत चुनाव को ध्यान में रखते हुए संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने की रणनीति बना रही है। इस बीच प्रशांत किशोर के सितंबर से बिहार के अलग-अलग हिस्सों में यात्रा पर निकलने की चर्चा है।
सितंबर से गांव-गांव पहुंचने की तैयारी
जनसुराज के प्रदेश अध्यक्ष मनोज भारती ने पार्टी की आगामी गतिविधियों को लेकर जानकारी दी है। उनके मुताबिक, पार्टी को बूथ और पंचायत स्तर तक मजबूत करने के लिए कई कार्यक्रम और जनसभाएं आयोजित की जाएंगी। प्रशांत किशोर भी दोबारा बिहार यात्रा पर निकल सकते हैं।
हालांकि, यात्रा की तारीख और कार्यक्रम को लेकर अंतिम फैसला पार्टी की कार्यकारिणी बैठक के बाद आधिकारिक रूप से किया जाएगा। प्रस्तावित यात्रा के दौरान प्रशांत किशोर विभिन्न जिलों के पंचायतों, कस्बों और गांवों में जाकर लोगों से संवाद कर सकते हैं।
तीन महीने तक चल सकती है यात्रा
सूत्रों के मुताबिक, प्रशांत किशोर की प्रस्तावित बिहार यात्रा करीब तीन महीने तक चल सकती है। इस दौरान जनसुराज के संगठन विस्तार के साथ स्थानीय स्तर पर कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने पर भी जोर रहेगा।
प्रशांत किशोर इससे पहले भी बिहार में लंबी पदयात्रा कर चुके हैं। 2025 के विधानसभा चुनाव से पहले उन्होंने राज्य के विभिन्न हिस्सों का दौरा कर लोगों से सीधा संवाद किया था। अब आगामी चुनावों को देखते हुए एक बार फिर जमीनी संपर्क बढ़ाने की तैयारी की जा रही है।
विधान परिषद और पंचायत चुनाव पर नजर
जनसुराज की नजर आगामी विधान परिषद की शिक्षक और स्नातक कोटे की आठ सीटों पर भी है। इनमें चार स्नातक और चार शिक्षक कोटे की सीटें शामिल हैं, जिनका कार्यकाल नवंबर 2026 में समाप्त होने वाला है।
इसके अलावा बिहार में पंचायत चुनाव भी होने हैं। परिसीमन की प्रक्रिया के बाद पंचायत चुनाव का रास्ता साफ होगा। जनसुराज इन चुनावों के जरिए गांवों में अपनी राजनीतिक पकड़ मजबूत करने की कोशिश कर सकती है।
हर जिले में जिला परिषद अध्यक्ष बनाने का लक्ष्य
प्रशांत किशोर पहले ही संगठन के भविष्य को लेकर अपना लक्ष्य बता चुके हैं। जनसुराज की कोशिश हर जिले में जिला परिषद अध्यक्ष बनाने की है। ऐसे में पंचायत चुनाव को पार्टी के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
चिराग पासवान ने की प्रशांत किशोर की तारीफ
इस बीच केंद्रीय मंत्री और लोजपा (रामविलास) प्रमुख चिराग पासवान ने भी प्रशांत किशोर की तारीफ की है। उन्होंने कहा कि प्रशांत किशोर जाति और धर्म की राजनीति के बजाय बिहार के विकास और रोजगार की बात करते हैं। चिराग के मुताबिक, आने वाले वर्षों में प्रशांत किशोर के सामने कई चुनौतियां होंगी, लेकिन उनकी बातों का समर्थन किया जा सकता है।
बिहार की सियासत में बढ़ेगी दिलचस्पी?
बांकीपुर में प्रशांत किशोर की जीत के बाद जनसुराज की राजनीतिक सक्रियता को नए नजरिए से देखा जा रहा है। अब विधान परिषद और पंचायत चुनावों में पार्टी की रणनीति से बिहार की राजनीति और दिलचस्प हो सकती है।
आगामी चुनावों में जनसुराज एनडीए और आरजेडी के सामने किस तरह की चुनौती पेश करती है, यह उसकी जमीनी तैयारी और संगठन विस्तार पर निर्भर करेगा। फिलहाल प्रशांत किशोर के दोबारा गांव-गांव पहुंचने की संभावित योजना ने बिहार की सियासत में हलचल जरूर बढ़ा दी है।







