बिहार विधानसभा में बन रहे डिजिटल संग्रहालय के डिजाइन में होगा बदलाव, अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार बोले- झलके बिहार और भारत की संस्कृति
निरीक्षण के बाद अध्यक्ष ने अपने कार्यालय कक्ष में अधिकारियों के साथ बैठक कर संग्रहालय के रोडमैप और ब्लूप्रिंट पर चर्चा की। इस दौरान मुख्य वास्तुविद ने पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से डिजिटल संग्रहालय की प्रस्तावित रूपरेखा पेश की।
ब्लूप्रिंट में बदलाव का निर्देश
प्रस्तुति के दौरान बताया गया कि डिजिटल संग्रहालय का डिजाइन मौजूदा विधानसभा भवन की तर्ज पर तैयार किया जा रहा है। इस पर अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने ब्लूप्रिंट में बदलाव करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि पुराना विधानसभा भवन ब्रिटिश काल में बना था, जिसमें पाश्चात्य वास्तुकला की झलक मिलती है।
उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि जिस तरह न्यू पार्लियामेंट बिल्डिंग इंडिया का निर्माण आधुनिक भारत की पहचान को ध्यान में रखकर कराया गया है, उसी तरह बिहार विधानसभा का डिजिटल संग्रहालय भी भारत और बिहार की समृद्ध संस्कृति को दर्शाने वाला होना चाहिए।
हरियाली और सांस्कृतिक पहचान पर जोर
अध्यक्ष ने वास्तुविद को निर्देश दिया कि नए ब्लूप्रिंट को तैयार करते समय परिसर में हरियाली और पर्यावरणीय संतुलन का भी विशेष ध्यान रखा जाए।
गौरतलब है कि इस डिजिटल संग्रहालय का शिलान्यास नरेंद्र मोदी ने नीतीश कुमार की उपस्थिति में किया था।
बैठक में विधानसभा की प्रभारी सचिव ख्याति सिंह समेत कई अधिकारी मौजूद रहे। माना जा रहा है कि नया डिजिटल संग्रहालय बिहार की संसदीय परंपराओं और इतिहास को आधुनिक तकनीक के जरिए लोगों के सामने पेश करेगा।







