QR कोड स्कैन करना पड़ सकता है भारी, CERT-In ने जारी की जरूरी सावधानियां

ऑनलाइन धोखाधड़ी के मामलों में लगातार इजाफा हो रहा है। साइबर अपराधी नए-नए तरीकों से लोगों को जाल में फंसाकर उनकी संवेदनशील जानकारी चुरा रहे हैं। इन्हीं तरीकों में से एक है QR कोड स्कैम, जिससे लोग अनजाने में ठगी का शिकार बन रहे हैं। इस खतरे को भांपते हुए इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय के तहत काम करने वाली संस्था CERT-In ने अपने आधिकारिक X (ट्विटर) अकाउंट पर महत्वपूर्ण सुरक्षा सुझाव साझा किए हैं। इन उपायों को अपनाकर आप QR कोड स्कैम से बच सकते हैं।
QR कोड स्कैम से ऐसे बचें
CERT-In द्वारा साझा किए गए पोस्टर में बताया गया है कि साइबर अपराधी फर्जी QR कोड का उपयोग करके लोगों को मलीशियस वेबसाइट पर रीडायरेक्ट कर सकते हैं या किसी संभावित खतरनाक ऐप को डाउनलोड करने के लिए प्रेरित कर सकते हैं। ऐसा करने से वे यूजरनेम, पासवर्ड और अन्य संवेदनशील जानकारी चुरा सकते हैं। इस तरह के धोखाधड़ी से बचने के लिए ये सावधानियां बरतें:

1. QR कोड स्कैन करने से पहले उसकी प्रमाणिकता जांच लें और यह सुनिश्चित करें कि वह किसी विश्वसनीय स्रोत से है।
2. स्कैन करने के बाद यह देखें कि आप किसी शॉर्ट URL पर रीडायरेक्ट तो नहीं हो रहे, क्योंकि साइबर अपराधी अक्सर इन्हीं का इस्तेमाल करते हैं।
3. सार्वजनिक स्थानों पर लगे QR कोड को स्कैन करने से बचें, क्योंकि धोखेबाज असली QR कोड के ऊपर नकली QR को चिपकाकर लोगों को फंसा सकते हैं।
साइबर फ्रॉड की रिपोर्ट कैसे करें?
यदि आप किसी QR कोड स्कैम या किसी अन्य साइबर धोखाधड़ी का शिकार हो जाते हैं, तो तुरंत शिकायत दर्ज कराएं:
-राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें।
-CERT-In की आधिकारिक वेबसाइट www.cybercrime.gov.in पर जाकर ऑनलाइन रिपोर्ट दर्ज करें।
-साइबर सुरक्षा से जुड़े अपडेट्स के लिए CERT-In के फेसबुक और इंस्टाग्राम अकाउंट्स को फॉलो करें।